Noida International Airport पर उड़ानों से पहले हुआ हवन, वैदिक मंत्रों के बीच सफल संचालन और समृद्धि की कामना
नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से वाणिज्यिक उड़ानों के शुभारंभ से पहले गुरुवार को हवाई अड्डा परिसर में वैदिक रीति-रिवाजों के साथ हवन का आयोजन किया गया।
Noida International Airport
Noida International Airport से वाणिज्यिक उड़ानों के शुभारंभ सेपहले गुरुवार को हवाई अड्डा परिसर में वैदिक रीति-रिवाजों के साथ हवन का आयोजन किया गया।सफल संचालन, प्रदेश की प्रगति और जनकल्याण की कामना के साथ आयोजित इस धार्मिक अनुष्ठानके दौरान पूरा परिसर वैदिक मंत्रोच्चार से गुंजायमान हो उठा।
हवाई अड्डे के टर्मिनल फोरकोर्ट क्षेत्र के पूर्वी हिस्से में आयोजित इस कार्यक्रम में जेवर के विधायकधीरेन्द्र सिंह, यमुना प्राधिकरण और हवाई अड्डा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों ने सहभागिता की। विधि-विधान से संपन्न हुए हवन में प्रदेश की समृद्धि, क्षेत्र के विकास और हवाई अड्डे के निर्बाध संचालन केलिए प्रार्थना की गई।गौरतलब है कि नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से 15 जून को पहली वाणिज्यिक उड़ान संचालित कीजाएगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार यात्री विमान सुबह लखनऊ से यात्रियों को लेकर हवाई अड्डे परपहुंचेगा और इसके बाद वापस लखनऊ के लिए रवाना होगा। लंबे समय से प्रतीक्षित इस परियोजना केसंचालन को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है।
हवन के उपरांत जेवर विधायक धीरेन्द्र सिंह ने कहा कि नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा केवल एक हवाईअड्डा नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के विकास, निवेश, रोजगार सृजन और वैश्विक पहचान का प्रतीक बननेजा रहा है। उन्होंने कहा कि यह केंद्र और प्रदेश सरकार की महत्वपूर्ण परियोजनाओं में से एक है, जोप्रदेश की आर्थिक प्रगति को नई दिशा देगी।धीरेन्द्र सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश निरंतर विकास के नएआयाम स्थापित कर रहा है। नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के माध्यम से जेवर क्षेत्र आज विश्वमानचित्र पर अपनी अलग पहचान बना रहा है और भविष्य में यह क्षेत्र औद्योगिक एवं आर्थिक
गतिविधियों का प्रमुख केंद्र बनेगा।
उन्होंने विश्वास जताया कि हवाई अड्डे के संचालन से क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे,निवेश को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीयसंपर्क बढ़ने से उत्तर प्रदेश को वैश्विक स्तर पर नई पहचान प्राप्त होगी।वाणिज्यिक उड़ानों की शुरुआत से पहले आयोजित इस धार्मिक अनुष्ठान ने न केवल भारतीय सांस्कृतिकपरंपराओं की झलक प्रस्तुत की, बल्कि क्षेत्र के उज्ज्वल भविष्य और समृद्धि की सामूहिक कामना काभी संदेश दिया।
What's Your Reaction?