भारत की आवाज • सच के साथ
Updated: 06 November 2026 | Hindi News Portal
मुद्दा
आज का मुद्दा
नजर आपकी खबर आपकी
ब्रेकिंग
मुख्यमंत्री ने ‘लोकतंत्र बचाओ- अराजकता हटाओ’ पदयात्रा को किया संबोधित शहर में पहली बार होगा ‘श्री यमुना सनातन ज्योति महासंगम’, 21 हजार दीपों से जगमगाएगा यमुना तट श्री नंगली साहिब की 52वीं पावन पदयात्रा का शुभारंभ, दिल्ली से 7 नवंबर को सद्गुरुधाम पहुंचेगी यात्रा राजघाट पर महा गंगा आरती दीपोत्सव का आयोजन, श्रद्धालुओं को दिलाई गई गंगा शपथ.. एम्स इंटरनेशनल स्कूल में राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस संपन्न, 7 बाल वैज्ञानिक राज्य स्तर के लिए चयनित त्योहारों पर सुरक्षा कड़ी, ASP नगर ने रात में किया चेकिंग अभियान सिकंदराबाद में भाजपा के दोनों मंडलों की संयुक्त मासिक बैठक संपन्न, सीएम योगी के गाजियाबाद दौरे को ऐतिहासिक बनाने का आह्वान जिम्स ग्रेटर नोएडा में ‘विकसित भारत युवा संवाद–Know Your Vote’ कार्यक्रम का हुआ आयोजन, 200 युवाओं ने लिया भाग ओवरलोड वैन में बच्चों का जानलेवा सफर, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल कृषि यंत्रीकरण योजनाओं के अंतर्गत अनुदान पर कृषि यंत्र प्राप्त करने हेतु ऑटो एवं ई-लॉटरी के माध्यम से लाभार्थियों का किया गया चयन
आज का मुद्दा पर प्रकाशित खबरों में स्थानीय संदर्भ, सत्यापन और पाठकों के काम की जानकारी को प्राथमिकता दी जाती है।
Uttar Pradesh

शबरी के झूठे बेर खाकर प्रभु श्रीराम ने दिया समरसता का संदेश

डिबाई। श्री रामलीला महोत्सव-2026 के दसवें दिन गुरुवार को श्री राम कृष्ण लीला मंडल, वृंदावन के कलाकारों ने शबरी-राम मिलन की लीला का भावपूर्ण मंचन किया। भगवान श्रीराम द्वारा माता शबरी के प्रेमपूर्वक अर्पित बेर स्वीकार करने के प्रसंग ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। पूरा पंडाल जय श्रीराम के जयकारों से गूंज उठा।

आज का मुद्दा डिजिटल डेस्क | Updated: 16 Oct 2026, 08:03 PM | Views: 0 | 1 मिनट पढ़ें
शबरी के झूठे बेर खाकर प्रभु श्रीराम ने दिया समरसता का संदेश

आज का मुद्दा | तहसील प्रभारी नीरज सुदामा
डिबाई। श्री रामलीला महोत्सव-2026 के दसवें दिन गुरुवार को श्री राम कृष्ण लीला मंडल, वृंदावन के कलाकारों ने शबरी-राम मिलन की लीला का भावपूर्ण मंचन किया। भगवान श्रीराम द्वारा माता शबरी के प्रेमपूर्वक अर्पित बेर स्वीकार करने के प्रसंग ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। पूरा पंडाल जय श्रीराम के जयकारों से गूंज उठा।

लीला में दिखाया गया कि माता शबरी वर्षों तक प्रभु श्रीराम के आगमन की प्रतीक्षा करती हैं। वनवास के दौरान भगवान श्रीराम अपने अनुज लक्ष्मण के साथ उनकी कुटिया पहुंचते हैं। शबरी के प्रेम और समर्पण से प्रसन्न होकर प्रभु उनके बेर स्वीकार करते हैं। इस प्रसंग ने संदेश दिया कि भगवान के लिए जाति, वर्ग और ऊंच-नीच का कोई भेद नहीं, बल्कि सच्ची भक्ति और निष्कपट प्रेम ही सर्वोपरि है।प्रभु श्रीराम ने माता शबरी को नवधा भक्ति का उपदेश देकर भक्ति और सदाचार का मार्ग बताया। संस्थापक स्वामी गिरधारी लाल दीक्षित एवं संचालक स्वामी बनवारी लाल दीक्षित के निर्देशन में कलाकारों ने शानदार प्रस्तुति दी। रामलीला का संचालन दीपक चटपटी ने किया।

महोत्सव की सफलता में रामलीला कमेटी के महामंत्री कमल वर्मा, विनय शर्मा, राजीव अग्रवाल, मयूर वार्ष्णेय, विनीत वार्ष्णेय, कोषाध्यक्ष आदर्श कुमार, ओम प्रकाश अग्रवाल, राजू कुमार, नेत्रपाल, धीरज दादा, समाजसेवी बंटी सर्राफ सहित अन्यपदाधिकारियों एवं सदस्यों का योगदान रहा।

संपादकीय नोट: इस लेख में अभी पर्याप्त मूल विवरण नहीं है, इसलिए इसे खोज इंजन के लिए सीमित रखा गया है। प्रकाशन से पहले रिपोर्ट में तथ्य, पृष्ठभूमि, स्थानीय असर और स्रोत-संबंधी जानकारी जोड़ें।
आज का मुद्दा Hindi News Breaking News Uttar Pradesh

Author: आज का मुद्दा डिजिटल डेस्क

आज का मुद्दा जनता से जुड़े मुद्दों, स्थानीय खबरों और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को प्रमुखता से प्रकाशित करता है।

संबंधित खबरें