नोएडा, इस्कॉन नोएडा की ओर से शहर में भगवान जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर इस्कॉन नोएडा के इंजीनियर भक्तों द्वारा तैयार किया गया लगभग 50 फुट ऊंचा विशेष रथ आकर्षण का केंद्र रहा। उन्नत तकनीक से सुसज्जित इस रथ की ऊंचाई आवश्यकता के अनुसार कम या अधिक की जा सकती थी।विभिन्न प्रकार के फूलों से सजे रथ पर भगवान जगन्नाथ, उनके बड़े भाई बलदेव और बहनसुभद्रा विराजमान थे, जिनके दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़े।रथयात्रा का शुभारंभ भगवान की आरती एवं नारियल फोड़कर किया गया। यात्रा से पहले भगवानको 56 प्रकार के सात्विक भोग अर्पित किए गए। भगवान जगन्नाथ को संपूर्ण जगत का नाथमानते हुए देशी और विदेशी व्यंजनों सहित विविध प्रकार के भोग समर्पित किए गए।
रथयात्रा शुरू होते ही पूरा वातावरण ;जय जगन्नाथऔर हरे कृष्ण महामंत्र के जयघोष से गूंज उठा।कीर्तन मंडलियों, रंग-बिरंगे बैनरों और श्रद्धालुओं की सहभागिता से यात्रा लगभग आधा किलोमीटर लंबे जुलूस में परिवर्तित हो गई।आयोजकों के अनुसार भगवान जगन्नाथ को अत्यंत कृपालु स्वरूप माना जाता है, क्योंकि वेअपने भक्तों को दर्शन देने के लिए स्वयं रथ पर विराजमान होकर नगर भ्रमण करते हैं।श्रद्धालुओं ने पूरे मार्ग में भजन-कीर्तन और नृत्य करते हुए यात्रा में उत्साहपूर्वक भाग लिया।संस्कृति, आस्था और धर्म का प्रतीक यह रथयात्रा शाम 4 बजे सेक्टर-18 स्थित गुरुद्वारे सेप्रारंभ हुई। यात्रा सेक्टर-18 मेट्रो स्टेशन, अट्टा मार्केट, सब मॉल चौक, डीएम चौक, सेक्टर-20,21, 25, 26 चौक और अडोब चौक से होकर इस्कॉन नोएडा मंदिर पहुंची, जहां इसका समापन
हुआ। मार्ग में विभिन्न स्थानों पर भगवान जगन्नाथ की रंगोली बनाकर श्रद्धालुओं ने यात्रा कास्वागत किया तथा भक्तों को प्रसाद वितरित किया गया।
रथयात्रा में गौतमबुद्ध नगर के सांसद डॉ. महेश शर्मा और विधायक पंकज सिंह प्रमुख अतिथिके रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर इस्कॉन के संस्थापकाचार्य श्रील प्रभुपाद के निजी शिष्यपरम पूज्य लोकनाथ स्वामी महाराज तथा उनके अमेरिकी शिष्य परम पूज्य श्री कृष्ण चैतन्यस्वामी महाराज ने विशेष रूप से मधुर हरिनाम संकीर्तन प्रस्तुत किया।
इस्कॉन के स्थापना के 60 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित इस वर्ष की रथयात्रा मेंअमेरिका, कनाडा, रूस, फ्रांस और ऑस्ट्रेलिया सहित कई देशों से भक्त शामिल हुए। इसआयोजन में देश-विदेश के श्रद्धालुओं ने भाग लिया, जिससे पूरा शहर भक्तिमय वातावरण मेंसराबोर रहा।