चंडीगढ़ (संजय राय,आज का मुद्दा)
नेशनल ह्यूमन राइट्स एंड एंटी-करप्शन फोर्स (NHRACF), चंडीगढ़ द्वारा चलाए जा रहे “नशा मुक्त युवा – विकसित भारत अभियान” के अंतर्गत गुरु गोबिंद सिंह कॉलेज फॉर विमेन, सेक्टर-26, चंडीगढ़ में नशा-मुक्ति जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को नशीले पदार्थों के सेवन के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना तथा उन्हें स्वस्थ, जिम्मेदार और नशामुक्त जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था।इस कार्यक्रम का नेतृत्व श्री कमलजीत सिंह पंछी, अध्यक्ष, एनएचआरएसीएफ, चंडीगढ़ तथा श्री अनिल वोहरा, चेयरमैन, ने अन्य सदस्यों के साथ किया। इस अवसर पर श्री पंची ने छात्राओं को नशे से दूर रहने, सोच-समझकर सही निर्णय लेने तथा समाज में “नशे को कहें ना” (Say No to Drugs) का संदेश फैलाने के लिए प्रेरित किया।
एनएचआरएसीएफ की टीम ने कॉलेज की प्रिंसिपल सुश्री जसविंदर कौर को नशा-मुक्ति जागरूकता पोस्टर भेंट किया। इस पोस्टर का विमोचन पूर्व में पंजाब के माननीय राज्यपाल एवं केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ के प्रशासक श्री गुलाब चंद कटारिया जी द्वारा किया गया था। कार्यक्रम के दौरान जागरूकता संबंधी पर्चे भी वितरित किए गए। छात्राओं ने नशामुक्त चंडीगढ़ और नशामुक्त भारत के संकल्प को साकार करने में सहयोग देने की शपथ ली।
श्री कमलजीत सिंह पंछी ने अपने संबोधन में कहा कि नशे की बुराई को समाप्त करने के लिए शैक्षणिक संस्थानों, अभिभावकों और समाज के प्रत्येक वर्ग को मिलकर प्रयास करने होंगे। युवाओं को नशे से बचाना और उन्हें सकारात्मक दिशा प्रदान करना एक स्वस्थ, सुरक्षित एवं सशक्त राष्ट्र के निर्माण के लिए अत्यंत आवश्यक है!
एनएचआरएसीएफ ने युवाओं में नशा-मुक्ति के प्रति जागरूकता बढ़ाने, समाज को इस अभियान से जोड़ने तथा नशामुक्त चंडीगढ़ और स्वस्थ, सशक्त नशामुक्त भारत के निर्माण के लिए अपने प्रयास निरंतर जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई।